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सोमवार, 19 अप्रैल 2027

दैनिक पंचांग

शुक्ल पक्ष

सोमवार, शुक्ल पक्ष। त्रयोदशी तिथि सुबह तक है, फिर चतुर्दशी आरंभ होती है। त्रयोदशी उत्साह की तिथि है, उत्सव के लिए अच्छी। चन्द्रमा हस्त नक्षत्र में अगले दिन तड़के तक है, फिर चित्रा में। नए कार्य के लिए अभिजित मुहूर्त 11:54 से 12:46 तक शुभ है; राहु काल 07:29 से 09:06 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा कन्या राशि में है और सूर्य मेष राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल त्रयोदशी

      पिछले दिन 07:42 से 06:08 तक

    • फिर

      शुक्ल चतुर्दशी

      06:08 – अगले दिन 04:51

    त्रयोदशी — उत्साह की तिथि। उत्सव और सक्रिय कार्यों के लिए शुभ।

  • सोमवार

    सोमवार (स्वामी चन्द्रमा) — शांत और भावपूर्ण दिन; पारिवारिक कार्य, जल-सम्बन्धित कार्य और अध्ययन के लिए उपयुक्त।

  • अमान्तचैत्र
    पूर्णिमान्तचैत्र

नक्षत्र · योग · करण

    • हस्त · पाद 1

      05:15 से अगले दिन 04:40 तक

    लघु नक्षत्र — संक्षिप्त कार्य, छोटी यात्राएँ और संवाद के लिए उपयुक्त।

    • व्याघात

      पिछले दिन 21:58 से 19:44 तक

    • फिर

      हर्षण

      19:44 – अगले दिन 17:47

    अशुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग प्रतिकूल है। परंपरा में बड़े नए काम टाले जाते हैं।

    • तैतिल

      पिछले दिन 18:53 से 06:08 तक

    • फिर

      गर

      06:08 – 17:27

    • फिर

      वणिज

      17:27 – अगले दिन 04:51

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल त्रयोदशी · सोम

00061218अमृत · 05:52 – 07:29काल · 07:29 – 09:06शुभ · 09:06 – 10:43रोग · 10:43 – 12:20उद्वेग · 12:20 – 13:57चल · 13:57 – 15:34लाभ · 15:34 – 17:11अमृत · 17:11 – 18:49चल · 18:49 – 20:11रोग · 20:11 – 21:34काल · 21:34 – 22:57लाभ · 22:57 – 00:20उद्वेग · 00:20 – 01:42शुभ · 01:42 – 03:05अमृत · 03:05 – 04:28चल · 04:28 – 05:51अमृत · 05:52 – 07:29विष · 07:29 – 09:06रोग · 09:06 – 10:43लाभ · 10:43 – 12:20धन · 12:20 – 13:57सुख · 13:57 – 15:34चोर · 15:34 – 17:11उद्योग · 17:11 – 18:49सुख · 18:49 – 20:11चोर · 20:11 – 21:34उद्योग · 21:34 – 22:57अमृत · 22:57 – 00:20विष · 00:20 – 01:42रोग · 01:42 – 03:05लाभ · 03:05 – 04:28धन · 04:28 – 05:51ब्रह्म मुहूर्त · 04:23 – 05:07अभिजित मुहूर्त · 11:54 – 12:46अमृत काल · 22:49 – 00:23राहु काल · 07:29 – 09:06यमगण्ड काल · 10:43 – 12:20गुलिक काल · 13:57 – 15:34वर्ज्यम् · 13:27 – 15:00चंद्र · 05:52 – 06:56शनि · 06:56 – 08:01गुरु · 08:01 – 09:06मंगल · 09:06 – 10:11सूर्य · 10:11 – 11:15शुक्र · 11:15 – 12:20बुध · 12:20 – 13:25चंद्र · 13:25 – 14:30शनि · 14:30 – 15:34गुरु · 15:34 – 16:39मंगल · 16:39 – 17:44सूर्य · 17:44 – 18:49शुक्र · 18:49 – 19:44बुध · 19:44 – 20:39चंद्र · 20:39 – 21:34शनि · 21:34 – 22:29गुरु · 22:29 – 23:24मंगल · 23:24 – 00:20सूर्य · 00:20 – 01:15शुक्र · 01:15 – 02:10बुध · 02:10 – 03:05चंद्र · 03:05 – 04:00शनि · 04:00 – 04:55गुरु · 04:55 – 05:51

19 अप्रैल

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 37 मि
05:52
07:29
09:06
10:43
12:20
13:57
15:34
17:11

रात का चौघड़िया

8·1 घं 23 मि
18:49
20:11
21:34
22:57
00:20
01:42
03:05
04:28

दिन का गौरी

8·1 घं 37 मि
05:52
07:29
09:06
10:43
12:20
13:57
15:34
17:11

रात का गौरी

8·1 घं 23 मि
18:49
20:11
21:34
22:57
00:20
01:42
03:05
04:28
04:23–05:07
11:54–12:46
22:49–00:23
07:29–09:06
10:43–12:20
13:57–15:34
13:27–15:00

दिन के होरा

12·1 घं 5 मि
05:52
06:56
08:01
09:06
10:11
11:15
12:20
13:25
14:30
15:34
16:39
17:44

रात के होरा

12·55 मि
18:49
19:44
20:39
21:34
22:29
23:24
00:20
01:15
02:10
03:05
04:00
04:55

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

19 अप्रैल 2027 की तिथि क्या है?
19 अप्रैल 2027 को शुक्ल त्रयोदशी तिथि 06:08 तक है, फिर शुक्ल चतुर्दशी आरंभ होती है।
19 अप्रैल 2027 का नक्षत्र क्या है?
19 अप्रैल 2027 को नक्षत्र हस्त और योग व्याघात है।
19 अप्रैल 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 05:52 पर और सूर्यास्त 18:49 पर है।
19 अप्रैल 2027 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 07:29 से 09:06 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।