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मंगलवार, 20 जनवरी 2026

दैनिक पंचांग

शुक्ल पक्ष

मंगलवार, शुक्ल पक्ष। द्वितीया तिथि अगले दिन तड़के तक है, फिर तृतीया आरंभ होती है। द्वितीया स्थिर तिथि है, साथ मिलकर काम करने के लिए अच्छी। चन्द्रमा श्रवण नक्षत्र में दोपहर तक है, फिर धनिष्ठा में। नए कार्य के लिए अभिजित मुहूर्त 12:11 से 12:53 तक शुभ है; राहु काल 15:11 से 16:30 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा और सूर्य दोनों मकर राशि में हैं।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल द्वितीया

      02:14 से अगले दिन 02:42 तक

    द्वितीया — स्थिरता और साझेदारी की तिथि। सहयोगात्मक कार्यों के लिए शुभ।

  • मंगलवार

    मंगलवार (स्वामी मंगल) — ऊर्जावान और साहसी दिन; कर्म और शारीरिक कार्य के लिए शुभ, संवेदनशील मामलों के लिए कम।

  • अमान्तमाघ
    पूर्णिमान्तमाघ

नक्षत्र · योग · करण

    • श्रवण

      पिछले दिन 11:52 से 13:06 तक

    • फिर

      धनिष्ठा

      13:06 – अगले दिन 13:58

    चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।

    • सिद्धि

      पिछले दिन 20:45 से 20:01 तक

    • फिर

      व्यतीपात

      20:01 – अगले दिन 18:58

    शुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • बालव

      02:14 से 14:31 तक

    • फिर

      कौलव

      14:31 – अगले दिन 02:42

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल द्वितीया · मंगल

00061218रोग · 07:14 – 08:33उद्वेग · 08:33 – 09:53चल · 09:53 – 11:12लाभ · 11:12 – 12:32अमृत · 12:32 – 13:51काल · 13:51 – 15:11शुभ · 15:11 – 16:30रोग · 16:30 – 17:50काल · 17:50 – 19:30लाभ · 19:30 – 21:11उद्वेग · 21:11 – 22:51शुभ · 22:51 – 00:32अमृत · 00:32 – 02:12चल · 02:12 – 03:52रोग · 03:52 – 05:33काल · 05:33 – 07:13रोग · 07:14 – 08:33लाभ · 08:33 – 09:53धन · 09:53 – 11:12सुख · 11:12 – 12:32चोर · 12:32 – 13:51उद्योग · 13:51 – 15:11विष · 15:11 – 16:30अमृत · 16:30 – 17:50चोर · 17:50 – 19:30उद्योग · 19:30 – 21:11विष · 21:11 – 22:51अमृत · 22:51 – 00:32रोग · 00:32 – 02:12लाभ · 02:12 – 03:52धन · 03:52 – 05:33सुख · 05:33 – 07:13ब्रह्म मुहूर्त · 05:26 – 06:20अभिजित मुहूर्त · 12:11 – 12:53अमृत काल · 03:12 – 04:51राहु काल · 15:11 – 16:30यमगण्ड काल · 09:53 – 11:12गुलिक काल · 12:32 – 13:51वर्ज्यम् · 17:15 – 18:54मंगल · 07:14 – 08:07सूर्य · 08:07 – 09:00शुक्र · 09:00 – 09:53बुध · 09:53 – 10:46चंद्र · 10:46 – 11:39शनि · 11:39 – 12:32गुरु · 12:32 – 13:25मंगल · 13:25 – 14:18सूर्य · 14:18 – 15:11शुक्र · 15:11 – 16:04बुध · 16:04 – 16:57चंद्र · 16:57 – 17:50शनि · 17:50 – 18:57गुरु · 18:57 – 20:04मंगल · 20:04 – 21:11सूर्य · 21:11 – 22:18शुक्र · 22:18 – 23:25बुध · 23:25 – 00:32चंद्र · 00:32 – 01:39शनि · 01:39 – 02:46गुरु · 02:46 – 03:52मंगल · 03:52 – 04:59सूर्य · 04:59 – 06:06शुक्र · 06:06 – 07:13

20 जन॰

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 20 मि
07:14
08:33
09:53
11:12
12:32
13:51
15:11
16:30

रात का चौघड़िया

8·1 घं 40 मि
17:50
19:30
21:11
22:51
00:32
02:12
03:52
05:33

दिन का गौरी

8·1 घं 20 मि
07:14
08:33
09:53
11:12
12:32
13:51
15:11
16:30

रात का गौरी

8·1 घं 40 मि
17:50
19:30
21:11
22:51
00:32
02:12
03:52
05:33
05:26–06:20
12:11–12:53
03:12–04:51
15:11–16:30
09:53–11:12
12:32–13:51
17:15–18:54

दिन के होरा

12·53 मि
07:14
08:07
09:00
09:53
10:46
11:39
12:32
13:25
14:18
15:11
16:04
16:57

रात के होरा

12·1 घं 7 मि
17:50
18:57
20:04
21:11
22:18
23:25
00:32
01:39
02:46
03:52
04:59
06:06

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

20 जनवरी 2026 की तिथि क्या है?
20 जनवरी 2026 को शुक्ल द्वितीया तिथि 21 जनवरी 02:42 तक है, फिर शुक्ल तृतीया आरंभ होती है।
20 जनवरी 2026 का नक्षत्र क्या है?
20 जनवरी 2026 को नक्षत्र श्रवण और योग सिद्धि है।
20 जनवरी 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 07:14 पर और सूर्यास्त 17:50 पर है।
20 जनवरी 2026 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 15:11 से 16:30 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।