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बुधवार, 3 मार्च 2027

दैनिक पंचांग

कृष्ण पक्ष

बुधवार, कृष्ण पक्ष। विजया एकादशी तिथि अगले दिन सुबह तक है, फिर द्वादशी आरंभ होती है। एकादशी पर बहुत से भक्त व्रत रखते हैं। चन्द्रमा पूर्व आषाढ़ा नक्षत्र में रात तक है, फिर उत्तर आषाढ़ा में। राहु काल 12:33 से 14:00 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा धनु राशि में है और सूर्य कुम्भ राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • विजया एकादशी

      04:44 से अगले दिन 07:24 तक

    एकादशी — अनेक लोगों के लिए उपवास का दिन। आध्यात्मिक रूप से महत्त्वपूर्ण और आत्म-चिंतन की तिथि।

  • बुधवार

    बुधवार (स्वामी बुध) — संवाद और बुद्धि का दिन; अध्ययन, लेखन और व्यापार के लिए शुभ।

  • अमान्तमाघ
    पूर्णिमान्तफाल्गुन

नक्षत्र · योग · करण

    • पूर्व आषाढ़ा

      पिछले दिन 19:27 से 22:34 तक

    • फिर

      उत्तर आषाढ़ा

      22:34 – अगले दिन 01:35

    उग्र नक्षत्र — बड़े नए आरंभ के लिए परंपरा में टाला जाता है; पूर्णता और परिवर्तन के कार्यों के लिए उपयुक्त।

    • व्यतीपात

      00:06 से अगले दिन 01:06 तक

    अशुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग प्रतिकूल है। परंपरा में बड़े नए काम टाले जाते हैं।

    • बव

      04:44 से 18:05 तक

    • फिर

      बालव

      18:05 – अगले दिन 07:24

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

कृष्ण एकादशी · बुध

00061218लाभ · 06:44 – 08:11अमृत · 08:11 – 09:39काल · 09:39 – 11:06शुभ · 11:06 – 12:33रोग · 12:33 – 14:00उद्वेग · 14:00 – 15:27चल · 15:27 – 16:54लाभ · 16:54 – 18:22उद्वेग · 18:22 – 19:54शुभ · 19:54 – 21:27अमृत · 21:27 – 23:00चल · 23:00 – 00:32रोग · 00:32 – 02:05काल · 02:05 – 03:38लाभ · 03:38 – 05:10उद्वेग · 05:10 – 06:43लाभ · 06:44 – 08:11धन · 08:11 – 09:39सुख · 09:39 – 11:06चोर · 11:06 – 12:33विष · 12:33 – 14:00उद्योग · 14:00 – 15:27अमृत · 15:27 – 16:54रोग · 16:54 – 18:22उद्योग · 18:22 – 19:54अमृत · 19:54 – 21:27रोग · 21:27 – 23:00लाभ · 23:00 – 00:32धन · 00:32 – 02:05सुख · 02:05 – 03:38चोर · 03:38 – 05:10विष · 05:10 – 06:43ब्रह्म मुहूर्त · 05:05 – 05:55अमृत काल · 17:09 – 18:57राहु काल · 12:33 – 14:00यमगण्ड काल · 08:11 – 09:39गुलिक काल · 11:06 – 12:33वर्ज्यम् · 06:18 – 08:06बुध · 06:44 – 07:42चंद्र · 07:42 – 08:40शनि · 08:40 – 09:39गुरु · 09:39 – 10:37मंगल · 10:37 – 11:35सूर्य · 11:35 – 12:33शुक्र · 12:33 – 13:31बुध · 13:31 – 14:29चंद्र · 14:29 – 15:27शनि · 15:27 – 16:25गुरु · 16:25 – 17:23मंगल · 17:23 – 18:22सूर्य · 18:22 – 19:23शुक्र · 19:23 – 20:25बुध · 20:25 – 21:27चंद्र · 21:27 – 22:29शनि · 22:29 – 23:31गुरु · 23:31 – 00:32मंगल · 00:32 – 01:34सूर्य · 01:34 – 02:36शुक्र · 02:36 – 03:38बुध · 03:38 – 04:40चंद्र · 04:40 – 05:41शनि · 05:41 – 06:43

3 मार्च

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 27 मि
06:44
08:11
09:39
11:06
12:33
14:00
15:27
16:54

रात का चौघड़िया

8·1 घं 33 मि
18:22
19:54
21:27
23:00
00:32
02:05
03:38
05:10

दिन का गौरी

8·1 घं 27 मि
06:44
08:11
09:39
11:06
12:33
14:00
15:27
16:54

रात का गौरी

8·1 घं 33 मि
18:22
19:54
21:27
23:00
00:32
02:05
03:38
05:10
05:05–05:55
17:09–18:57
12:33–14:00
08:11–09:39
11:06–12:33
06:18–08:06

दिन के होरा

12·58 मि
06:44
07:42
08:40
09:39
10:37
11:35
12:33
13:31
14:29
15:27
16:25
17:23

रात के होरा

12·1 घं 2 मि
18:22
19:23
20:25
21:27
22:29
23:31
00:32
01:34
02:36
03:38
04:40
05:41

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

3 मार्च 2027 की तिथि क्या है?
3 मार्च 2027 को विजया एकादशी तिथि 4 मार्च 07:24 तक है, फिर कृष्ण द्वादशी आरंभ होती है।
3 मार्च 2027 का नक्षत्र क्या है?
3 मार्च 2027 को नक्षत्र पूर्व आषाढ़ा और योग व्यतीपात है।
3 मार्च 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 06:44 पर और सूर्यास्त 18:22 पर है।
3 मार्च 2027 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 12:33 से 14:00 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।