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गुरुवार, 15 अक्टूबर 2026

दैनिक पंचांग

शुक्ल पक्ष

गुरुवार, शुक्ल पक्ष। पंचमी तिथि अगले दिन तड़के तक है, फिर षष्ठी आरंभ होती है। पंचमी शांत तिथि है, पढ़ाई, संगीत और कला के लिए अच्छी। चन्द्रमा ज्येष्ठा नक्षत्र में अगले दिन सुबह तक है, फिर मूल में। नए कार्य के लिए अभिजित मुहूर्त 11:43 से 12:29 तक शुभ है; राहु काल 13:33 से 14:59 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा वृश्चिक राशि में है और सूर्य कन्या राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल पंचमी

      01:13 से अगले दिन 03:25 तक

    पंचमी — शांति और सामंजस्य की तिथि। अध्ययन, संगीत और कला के लिए शुभ।

  • गुरुवार

    गुरुवार (स्वामी गुरु/बृहस्पति) — सप्ताह का सबसे शुभ दिन; अध्ययन, संस्कार और नए आरंभ के लिए श्रेष्ठ।

  • अमान्तआश्विन
    पूर्णिमान्तआश्विन

नक्षत्र · योग · करण

    • ज्येष्ठा · पाद 1

      04:03 से अगले दिन 06:47 तक

    तीक्ष्ण नक्षत्र — निर्णायक कार्य, चिकित्सकीय हस्तक्षेप और एकाग्र शक्ति वाले कार्य के लिए उपयुक्त।

    • सौभाग्य

      पिछले दिन 20:39 से 21:15 तक

    • फिर

      शोभन

      21:15 – अगले दिन 22:05

    शुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • बव

      01:13 से 14:16 तक

    • फिर

      बालव

      14:16 – अगले दिन 03:25

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल पंचमी · गुरु

00061218शुभ · 06:21 – 07:48रोग · 07:48 – 09:14उद्वेग · 09:14 – 10:40चल · 10:40 – 12:06लाभ · 12:06 – 13:33अमृत · 13:33 – 14:59काल · 14:59 – 16:25शुभ · 16:25 – 17:51अमृत · 17:51 – 19:25चल · 19:25 – 20:59रोग · 20:59 – 22:33काल · 22:33 – 00:07लाभ · 00:07 – 01:40उद्वेग · 01:40 – 03:14शुभ · 03:14 – 04:48अमृत · 04:48 – 06:22धन · 06:21 – 07:48सुख · 07:48 – 09:14चोर · 09:14 – 10:40उद्योग · 10:40 – 12:06अमृत · 12:06 – 13:33विष · 13:33 – 14:59रोग · 14:59 – 16:25लाभ · 16:25 – 17:51अमृत · 17:51 – 19:25विष · 19:25 – 20:59रोग · 20:59 – 22:33लाभ · 22:33 – 00:07धन · 00:07 – 01:40सुख · 01:40 – 03:14चोर · 03:14 – 04:48उद्योग · 04:48 – 06:22ब्रह्म मुहूर्त · 04:41 – 05:31अभिजित मुहूर्त · 11:43 – 12:29अमृत काल · 20:59 – 22:46राहु काल · 13:33 – 14:59यमगण्ड काल · 06:21 – 07:48गुलिक काल · 09:14 – 10:40वर्ज्यम् · 10:17 – 12:04गुरु · 06:21 – 07:19मंगल · 07:19 – 08:16सूर्य · 08:16 – 09:14शुक्र · 09:14 – 10:11बुध · 10:11 – 11:09चंद्र · 11:09 – 12:06शनि · 12:06 – 13:04गुरु · 13:04 – 14:01मंगल · 14:01 – 14:59सूर्य · 14:59 – 15:56शुक्र · 15:56 – 16:54बुध · 16:54 – 17:51चंद्र · 17:51 – 18:54शनि · 18:54 – 19:56गुरु · 19:56 – 20:59मंगल · 20:59 – 22:01सूर्य · 22:01 – 23:04शुक्र · 23:04 – 00:07बुध · 00:07 – 01:09चंद्र · 01:09 – 02:12शनि · 02:12 – 03:14गुरु · 03:14 – 04:17मंगल · 04:17 – 05:19सूर्य · 05:19 – 06:22

15 अक्टू॰

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 26 मि
06:21
07:48
09:14
10:40
12:06
13:33
14:59
16:25

रात का चौघड़िया

8·1 घं 34 मि
17:51
19:25
20:59
22:33
00:07
01:40
03:14
04:48

दिन का गौरी

8·1 घं 26 मि
06:21
07:48
09:14
10:40
12:06
13:33
14:59
16:25

रात का गौरी

8·1 घं 34 मि
17:51
19:25
20:59
22:33
00:07
01:40
03:14
04:48
04:41–05:31
11:43–12:29
20:59–22:46
13:33–14:59
06:21–07:48
09:14–10:40
10:17–12:04

दिन के होरा

12·57 मि
06:21
07:19
08:16
09:14
10:11
11:09
12:06
13:04
14:01
14:59
15:56
16:54

रात के होरा

12·1 घं 3 मि
17:51
18:54
19:56
20:59
22:01
23:04
00:07
01:09
02:12
03:14
04:17
05:19

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

15 अक्टूबर 2026 की तिथि क्या है?
15 अक्टूबर 2026 को शुक्ल पंचमी तिथि 16 अक्टूबर 03:25 तक है, फिर शुक्ल षष्ठी आरंभ होती है।
15 अक्टूबर 2026 का नक्षत्र क्या है?
15 अक्टूबर 2026 को नक्षत्र ज्येष्ठा और योग सौभाग्य है।
15 अक्टूबर 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 06:21 पर और सूर्यास्त 17:51 पर है।
15 अक्टूबर 2026 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 13:33 से 14:59 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।