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शनिवार, 5 अक्टूबर 2024

दैनिक पंचांग

शुक्ल पक्ष

शनिवार, शुक्ल पक्ष। तृतीया तिथि अगले दिन सुबह तक है, फिर चतुर्थी आरंभ होती है। तृतीया शुभ तिथि है, यात्रा और उत्सव के लिए अच्छी। चन्द्रमा स्वाति नक्षत्र में रात तक है, फिर विशाखा में। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहा है, नए कार्य के लिए शुभ। नए कार्य के लिए अभिजित मुहूर्त 11:45 से 12:32 तक शुभ है; राहु काल 09:12 से 10:41 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा तुला राशि में है और सूर्य कन्या राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल तृतीया

      05:31 से अगले दिन 07:49 तक

    तृतीया — सामान्यतः शुभ तिथि। यात्रा और उल्लासपूर्ण अवसरों के लिए उपयुक्त।

  • शनिवार

    शनिवार (स्वामी शनि) — अनुशासित और गंभीर दिन; अधूरे कार्य पूर्ण करने के लिए उपयुक्त, नए आरंभ के लिए कम।

  • अमान्तआश्विन
    पूर्णिमान्तआश्विन

नक्षत्र · योग · करण

    • स्वाति

      पिछले दिन 18:37 से 21:33 तक

    • फिर

      विशाखा

      21:33 – अगले दिन 00:11

    चर नक्षत्र — यात्रा, बदलाव और स्थान-परिवर्तन के लिए शुभ।

    • विष्कुम्भ

      05:21 से अगले दिन 06:08 तक

    अशुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग प्रतिकूल है। परंपरा में बड़े नए काम टाले जाते हैं।

    • तैतिल

      05:31 से 18:42 तक

    • फिर

      गर

      18:42 – अगले दिन 07:49

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल तृतीया · शनि

00061218काल · 06:16 – 07:44शुभ · 07:44 – 09:12रोग · 09:12 – 10:41उद्वेग · 10:41 – 12:09चल · 12:09 – 13:37लाभ · 13:37 – 15:05अमृत · 15:05 – 16:33काल · 16:33 – 18:02लाभ · 18:02 – 19:34उद्वेग · 19:34 – 21:05शुभ · 21:05 – 22:37अमृत · 22:37 – 00:09चल · 00:09 – 01:41रोग · 01:41 – 03:13काल · 03:13 – 04:45लाभ · 04:45 – 06:16चोर · 06:16 – 07:44उद्योग · 07:44 – 09:12विष · 09:12 – 10:41अमृत · 10:41 – 12:09रोग · 12:09 – 13:37लाभ · 13:37 – 15:05धन · 15:05 – 16:33सुख · 16:33 – 18:02लाभ · 18:02 – 19:34धन · 19:34 – 21:05सुख · 21:05 – 22:37चोर · 22:37 – 00:09उद्योग · 00:09 – 01:41विष · 01:41 – 03:13अमृत · 03:13 – 04:45रोग · 04:45 – 06:16ब्रह्म मुहूर्त · 04:38 – 05:27अभिजित मुहूर्त · 11:45 – 12:32अमृत काल · 11:40 – 13:28राहु काल · 09:12 – 10:41यमगण्ड काल · 13:37 – 15:05गुलिक काल · 06:16 – 07:44वर्ज्यम् · 03:46 – 05:32शनि · 06:16 – 07:15गुरु · 07:15 – 08:14मंगल · 08:14 – 09:12सूर्य · 09:12 – 10:11शुक्र · 10:11 – 11:10बुध · 11:10 – 12:09चंद्र · 12:09 – 13:08शनि · 13:08 – 14:06गुरु · 14:06 – 15:05मंगल · 15:05 – 16:04सूर्य · 16:04 – 17:03शुक्र · 17:03 – 18:02बुध · 18:02 – 19:03चंद्र · 19:03 – 20:04शनि · 20:04 – 21:05गुरु · 21:05 – 22:07मंगल · 22:07 – 23:08सूर्य · 23:08 – 00:09शुक्र · 00:09 – 01:10बुध · 01:10 – 02:12चंद्र · 02:12 – 03:13शनि · 03:13 – 04:14गुरु · 04:14 – 05:15मंगल · 05:15 – 06:16

5 अक्टू॰

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 28 मि
06:16
07:44
09:12
10:41
12:09
13:37
15:05
16:33

रात का चौघड़िया

8·1 घं 32 मि
18:02
19:34
21:05
22:37
00:09
01:41
03:13
04:45

दिन का गौरी

8·1 घं 28 मि
06:16
07:44
09:12
10:41
12:09
13:37
15:05
16:33

रात का गौरी

8·1 घं 32 मि
18:02
19:34
21:05
22:37
00:09
01:41
03:13
04:45
04:38–05:27
11:45–12:32
11:40–13:28
09:12–10:41
13:37–15:05
06:16–07:44
03:46–05:32

दिन के होरा

12·59 मि
06:16
07:15
08:14
09:12
10:11
11:10
12:09
13:08
14:06
15:05
16:04
17:03

रात के होरा

12·1 घं 1 मि
18:02
19:03
20:04
21:05
22:07
23:08
00:09
01:10
02:12
03:13
04:14
05:15

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

5 अक्टूबर 2024 की तिथि क्या है?
5 अक्टूबर 2024 को शुक्ल तृतीया तिथि 6 अक्टूबर 07:49 तक है, फिर शुक्ल चतुर्थी आरंभ होती है।
5 अक्टूबर 2024 का नक्षत्र क्या है?
5 अक्टूबर 2024 को नक्षत्र स्वाति और योग विष्कुम्भ है।
5 अक्टूबर 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 06:16 पर और सूर्यास्त 18:02 पर है।
5 अक्टूबर 2024 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 09:12 से 10:41 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।