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शुक्रवार, 12 जनवरी 2024

दैनिक पंचांग

शुक्ल पक्ष

शुक्रवार, शुक्ल पक्ष। प्रतिपदा तिथि दोपहर तक है, फिर द्वितीया आरंभ होती है। प्रतिपदा नए आरंभ के लिए शुभ तिथि है। चन्द्रमा उत्तर आषाढ़ा नक्षत्र में दोपहर तक है, फिर श्रवण में। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहा है, नए कार्य के लिए शुभ। नए कार्य के लिए अभिजित मुहूर्त 12:08 से 12:50 तक शुभ है; राहु काल 11:10 से 12:29 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा मकर राशि में है और सूर्य धनु राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • शुक्ल प्रतिपदा

      पिछले दिन 17:27 से 14:23 तक

    • फिर

      शुक्ल द्वितीया

      14:23 – अगले दिन 11:11

    प्रतिपदा — प्रथम तिथि। नए आरंभ और नींव रखने के लिए शुभ मानी जाती है।

  • शुक्रवार

    शुक्रवार (स्वामी शुक्र) — सौम्य और सुखद दिन; कला, सम्बन्ध और सौंदर्य-सम्बन्धित कार्यों के लिए शुभ।

  • अमान्तपौष
    पूर्णिमान्तपौष

नक्षत्र · योग · करण

    • उत्तर आषाढ़ा

      पिछले दिन 17:38 से 15:18 तक

    • फिर

      श्रवण

      15:18 – अगले दिन 12:49

    स्थिर नक्षत्र — दीर्घकालिक संकल्प, नींव और स्थायी क्रय के लिए श्रेष्ठ।

    • हर्षण

      पिछले दिन 17:48 से 14:04 तक

    • फिर

      वज्र

      14:04 – अगले दिन 10:13

    शुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • बव

      03:57 से 14:23 तक

    • फिर

      बालव

      14:23 – अगले दिन 00:48

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

शुक्ल प्रतिपदा · शुक्र

00061218चल · 07:15 – 08:33लाभ · 08:33 – 09:52अमृत · 09:52 – 11:10काल · 11:10 – 12:29शुभ · 12:29 – 13:47रोग · 13:47 – 15:06उद्वेग · 15:06 – 16:24चल · 16:24 – 17:43रोग · 17:43 – 19:24काल · 19:24 – 21:06लाभ · 21:06 – 22:47उद्वेग · 22:47 – 00:29शुभ · 00:29 – 02:10अमृत · 02:10 – 03:52चल · 03:52 – 05:33रोग · 05:33 – 07:15सुख · 07:15 – 08:33चोर · 08:33 – 09:52उद्योग · 09:52 – 11:10विष · 11:10 – 12:29अमृत · 12:29 – 13:47रोग · 13:47 – 15:06लाभ · 15:06 – 16:24धन · 16:24 – 17:43रोग · 17:43 – 19:24लाभ · 19:24 – 21:06धन · 21:06 – 22:47सुख · 22:47 – 00:29चोर · 00:29 – 02:10उद्योग · 02:10 – 03:52विष · 03:52 – 05:33अमृत · 05:33 – 07:15ब्रह्म मुहूर्त · 05:26 – 06:21अभिजित मुहूर्त · 12:08 – 12:50अमृत काल · 09:31 – 10:58राहु काल · 11:10 – 12:29यमगण्ड काल · 15:06 – 16:24गुलिक काल · 08:33 – 09:52वर्ज्यम् · 18:53 – 20:19शुक्र · 07:15 – 08:07बुध · 08:07 – 08:59चंद्र · 08:59 – 09:52शनि · 09:52 – 10:44गुरु · 10:44 – 11:36मंगल · 11:36 – 12:29सूर्य · 12:29 – 13:21शुक्र · 13:21 – 14:13बुध · 14:13 – 15:06चंद्र · 15:06 – 15:58शनि · 15:58 – 16:51गुरु · 16:51 – 17:43मंगल · 17:43 – 18:51सूर्य · 18:51 – 19:58शुक्र · 19:58 – 21:06बुध · 21:06 – 22:13चंद्र · 22:13 – 23:21शनि · 23:21 – 00:29गुरु · 00:29 – 01:36मंगल · 01:36 – 02:44सूर्य · 02:44 – 03:52शुक्र · 03:52 – 04:59बुध · 04:59 – 06:07चंद्र · 06:07 – 07:15

12 जन॰

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 19 मि
07:15
08:33
09:52
11:10
12:29
13:47
15:06
16:24

रात का चौघड़िया

8·1 घं 41 मि
17:43
19:24
21:06
22:47
00:29
02:10
03:52
05:33

दिन का गौरी

8·1 घं 19 मि
07:15
08:33
09:52
11:10
12:29
13:47
15:06
16:24

रात का गौरी

8·1 घं 41 मि
17:43
19:24
21:06
22:47
00:29
02:10
03:52
05:33
05:26–06:21
12:08–12:50
09:31–10:58
11:10–12:29
15:06–16:24
08:33–09:52
18:53–20:19

दिन के होरा

12·52 मि
07:15
08:07
08:59
09:52
10:44
11:36
12:29
13:21
14:13
15:06
15:58
16:51

रात के होरा

12·1 घं 8 मि
17:43
18:51
19:58
21:06
22:13
23:21
00:29
01:36
02:44
03:52
04:59
06:07

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

12 जनवरी 2024 की तिथि क्या है?
12 जनवरी 2024 को शुक्ल प्रतिपदा तिथि 14:23 तक है, फिर शुक्ल द्वितीया आरंभ होती है।
12 जनवरी 2024 का नक्षत्र क्या है?
12 जनवरी 2024 को नक्षत्र उत्तर आषाढ़ा और योग हर्षण है।
12 जनवरी 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 07:15 पर और सूर्यास्त 17:43 पर है।
12 जनवरी 2024 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 11:10 से 12:29 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।