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शनिवार, 25 जनवरी 2025

दैनिक पंचांग

कृष्ण पक्ष

शनिवार, कृष्ण पक्ष। षटतिला एकादशी तिथि रात तक है, फिर द्वादशी आरंभ होती है। एकादशी पर बहुत से भक्त व्रत रखते हैं। चन्द्रमा ज्येष्ठा नक्षत्र में अगले दिन सुबह तक है, फिर मूल में। नए कार्य के लिए अभिजित मुहूर्त 12:12 से 12:55 तक शुभ है; राहु काल 09:53 से 11:13 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा वृश्चिक राशि में है और सूर्य मकर राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • षटतिला एकादशी

      पिछले दिन 19:25 से 20:32 तक

    • फिर

      कृष्ण द्वादशी

      20:32 – अगले दिन 20:55

    एकादशी — अनेक लोगों के लिए उपवास का दिन। आध्यात्मिक रूप से महत्त्वपूर्ण और आत्म-चिंतन की तिथि।

  • शनिवार

    शनिवार (स्वामी शनि) — अनुशासित और गंभीर दिन; अधूरे कार्य पूर्ण करने के लिए उपयुक्त, नए आरंभ के लिए कम।

  • अमान्तपौष
    पूर्णिमान्तमाघ

नक्षत्र · योग · करण

    • ज्येष्ठा · पाद 1

      07:07 से अगले दिन 08:26 तक

    तीक्ष्ण नक्षत्र — निर्णायक कार्य, चिकित्सकीय हस्तक्षेप और एकाग्र शक्ति वाले कार्य के लिए उपयुक्त।

    • ध्रुव

      05:08 से अगले दिन 04:37 तक

    शुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • बव

      पिछले दिन 19:25 से 08:04 तक

    • फिर

      बालव

      08:04 – 20:32

    • फिर

      कौलव

      20:32 – अगले दिन 08:49

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

कृष्ण एकादशी · शनि

00061218काल · 07:12 – 08:32शुभ · 08:32 – 09:53रोग · 09:53 – 11:13उद्वेग · 11:13 – 12:33चल · 12:33 – 13:53लाभ · 13:53 – 15:14अमृत · 15:14 – 16:34काल · 16:34 – 17:54लाभ · 17:54 – 19:34उद्वेग · 19:34 – 21:14शुभ · 21:14 – 22:53अमृत · 22:53 – 00:33चल · 00:33 – 02:13रोग · 02:13 – 03:52काल · 03:52 – 05:32लाभ · 05:32 – 07:12चोर · 07:12 – 08:32उद्योग · 08:32 – 09:53विष · 09:53 – 11:13अमृत · 11:13 – 12:33रोग · 12:33 – 13:53लाभ · 13:53 – 15:14धन · 15:14 – 16:34सुख · 16:34 – 17:54लाभ · 17:54 – 19:34धन · 19:34 – 21:14सुख · 21:14 – 22:53चोर · 22:53 – 00:33उद्योग · 00:33 – 02:13विष · 02:13 – 03:52अमृत · 03:52 – 05:32रोग · 05:32 – 07:12ब्रह्म मुहूर्त · 05:25 – 06:19अभिजित मुहूर्त · 12:12 – 12:55अमृत काल · 23:09 – 00:50राहु काल · 09:53 – 11:13यमगण्ड काल · 13:53 – 15:14गुलिक काल · 07:12 – 08:32वर्ज्यम् · 13:01 – 14:43शनि · 07:12 – 08:05गुरु · 08:05 – 08:59मंगल · 08:59 – 09:53सूर्य · 09:53 – 10:46शुक्र · 10:46 – 11:40बुध · 11:40 – 12:33चंद्र · 12:33 – 13:27शनि · 13:27 – 14:20गुरु · 14:20 – 15:14मंगल · 15:14 – 16:07सूर्य · 16:07 – 17:01शुक्र · 17:01 – 17:54बुध · 17:54 – 19:01चंद्र · 19:01 – 20:07शनि · 20:07 – 21:14गुरु · 21:14 – 22:20मंगल · 22:20 – 23:26सूर्य · 23:26 – 00:33शुक्र · 00:33 – 01:39बुध · 01:39 – 02:46चंद्र · 02:46 – 03:52शनि · 03:52 – 04:59गुरु · 04:59 – 06:05मंगल · 06:05 – 07:12

25 जन॰

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 20 मि
07:12
08:32
09:53
11:13
12:33
13:53
15:14
16:34

रात का चौघड़िया

8·1 घं 40 मि
17:54
19:34
21:14
22:53
00:33
02:13
03:52
05:32

दिन का गौरी

8·1 घं 20 मि
07:12
08:32
09:53
11:13
12:33
13:53
15:14
16:34

रात का गौरी

8·1 घं 40 मि
17:54
19:34
21:14
22:53
00:33
02:13
03:52
05:32
05:25–06:19
12:12–12:55
23:09–00:50
09:53–11:13
13:53–15:14
07:12–08:32
13:01–14:43

दिन के होरा

12·54 मि
07:12
08:05
08:59
09:53
10:46
11:40
12:33
13:27
14:20
15:14
16:07
17:01

रात के होरा

12·1 घं 6 मि
17:54
19:01
20:07
21:14
22:20
23:26
00:33
01:39
02:46
03:52
04:59
06:05

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

25 जनवरी 2025 की तिथि क्या है?
25 जनवरी 2025 को षटतिला एकादशी तिथि 20:32 तक है, फिर कृष्ण द्वादशी आरंभ होती है।
25 जनवरी 2025 का नक्षत्र क्या है?
25 जनवरी 2025 को नक्षत्र ज्येष्ठा और योग ध्रुव है।
25 जनवरी 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 07:12 पर और सूर्यास्त 17:54 पर है।
25 जनवरी 2025 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 09:53 से 11:13 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।