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शनिवार, 17 मई 2025

दैनिक पंचांग

कृष्ण पक्ष

शनिवार, कृष्ण पक्ष। पंचमी तिथि अगले दिन तड़के तक है, फिर षष्ठी आरंभ होती है। पंचमी शांत तिथि है, पढ़ाई, संगीत और कला के लिए अच्छी। चन्द्रमा पूर्व आषाढ़ा नक्षत्र में शाम तक है, फिर उत्तर आषाढ़ा में। नए कार्य के लिए अभिजित मुहूर्त 11:50 से 12:44 तक शुभ है; राहु काल 08:53 से 10:35 तक है, इसमें नया कार्य न करें। चन्द्रमा धनु राशि में है और सूर्य वृषभ राशि में।

तिथि · वार · चान्द्र मास

    • कृष्ण पंचमी

      05:13 से अगले दिन 05:58 तक

    पंचमी — शांति और सामंजस्य की तिथि। अध्ययन, संगीत और कला के लिए शुभ।

  • शनिवार

    शनिवार (स्वामी शनि) — अनुशासित और गंभीर दिन; अधूरे कार्य पूर्ण करने के लिए उपयुक्त, नए आरंभ के लिए कम।

  • अमान्तवैशाख
    पूर्णिमान्तज्येष्ठ

नक्षत्र · योग · करण

    • पूर्व आषाढ़ा

      पिछले दिन 16:07 से 17:43 तक

    • फिर

      उत्तर आषाढ़ा

      17:43 – अगले दिन 18:52

    उग्र नक्षत्र — बड़े नए आरंभ के लिए परंपरा में टाला जाता है; पूर्णता और परिवर्तन के कार्यों के लिए उपयुक्त।

    • साध्य

      पिछले दिन 07:14 से 07:08 तक

    • फिर

      शुभ

      07:08 – अगले दिन 06:42

    शुभ योग — सूर्य और चन्द्रमा का संयोग अनुकूल है। अधिकांश नए आरंभ के लिए सहायक माना जाता है।

    • कौलव

      05:13 से 17:39 तक

    • फिर

      तैतिल

      17:39 – अगले दिन 05:58

    चर करण — महीने भर दोहराए जाने वाले सात करणों में से एक; सामान्य कार्यों के लिए ठीक।

एक नज़र में दिन

मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और उत्तर भारत में प्रचलित समय-प्रणाली: दिन की आठ और रात की आठ अवधियाँ, प्रत्येक शुभ, सामान्य या अशुभ चिह्नित। दैनिक कार्य का स्लॉट चुनने (या टालने) का त्वरित उपाय।

दक्षिण भारतीय परंपरा जिसमें दिन और रात को आठ-आठ गौरी अवधियों में बाँटा जाता है — दैनिक कार्यों के लिए शुभ समय चुनने में सहायक।

दिन के सात सबसे महत्त्वपूर्ण मुहूर्तों का संक्षिप्त संग्रह — तीन शुभ (ब्रह्म, अभिजित, अमृत) और चार अशुभ (राहु काल, यमगण्ड, गुलिक, वर्ज्यम्)। कुछ दिनों पर एक अवधि की गणना संभव न होने पर कम भी दिख सकते हैं।

दिन और रात प्रत्येक बारह होरा (ग्रह-घंटों) में बँटते हैं, हर एक का स्वामी ग्रह होता है। स्वामी ग्रह उस घंटे का स्वभाव तय करता है — कार्य के अनुकूल स्वामी वाला घंटा चुनें।

कृष्ण पंचमी · शनि

00061218काल · 05:29 – 07:11शुभ · 07:11 – 08:53रोग · 08:53 – 10:35उद्वेग · 10:35 – 12:17चल · 12:17 – 13:59लाभ · 13:59 – 15:41अमृत · 15:41 – 17:24काल · 17:24 – 19:06लाभ · 19:06 – 20:23उद्वेग · 20:23 – 21:41शुभ · 21:41 – 22:59अमृत · 22:59 – 00:17चल · 00:17 – 01:35रोग · 01:35 – 02:53काल · 02:53 – 04:10लाभ · 04:10 – 05:28चोर · 05:29 – 07:11उद्योग · 07:11 – 08:53विष · 08:53 – 10:35अमृत · 10:35 – 12:17रोग · 12:17 – 13:59लाभ · 13:59 – 15:41धन · 15:41 – 17:24सुख · 17:24 – 19:06लाभ · 19:06 – 20:23धन · 20:23 – 21:41सुख · 21:41 – 22:59चोर · 22:59 – 00:17उद्योग · 00:17 – 01:35विष · 01:35 – 02:53अमृत · 02:53 – 04:10रोग · 04:10 – 05:28ब्रह्म मुहूर्त · 04:06 – 04:47अभिजित मुहूर्त · 11:50 – 12:44अमृत काल · 12:36 – 14:19राहु काल · 08:53 – 10:35यमगण्ड काल · 13:59 – 15:41गुलिक काल · 05:29 – 07:11वर्ज्यम् · 02:06 – 03:47शनि · 05:29 – 06:37गुरु · 06:37 – 07:45मंगल · 07:45 – 08:53सूर्य · 08:53 – 10:01शुक्र · 10:01 – 11:09बुध · 11:09 – 12:17चंद्र · 12:17 – 13:25शनि · 13:25 – 14:33गुरु · 14:33 – 15:41मंगल · 15:41 – 16:49सूर्य · 16:49 – 17:58शुक्र · 17:58 – 19:06बुध · 19:06 – 19:57चंद्र · 19:57 – 20:49शनि · 20:49 – 21:41गुरु · 21:41 – 22:33मंगल · 22:33 – 23:25सूर्य · 23:25 – 00:17शुक्र · 00:17 – 01:09बुध · 01:09 – 02:01चंद्र · 02:01 – 02:53शनि · 02:53 – 03:44गुरु · 03:44 – 04:36मंगल · 04:36 – 05:28

17 मई

दैनिक पंचांग

दिन का चौघड़िया

8·1 घं 42 मि
05:29
07:11
08:53
10:35
12:17
13:59
15:41
17:24

रात का चौघड़िया

8·1 घं 18 मि
19:06
20:23
21:41
22:59
00:17
01:35
02:53
04:10

दिन का गौरी

8·1 घं 42 मि
05:29
07:11
08:53
10:35
12:17
13:59
15:41
17:24

रात का गौरी

8·1 घं 18 मि
19:06
20:23
21:41
22:59
00:17
01:35
02:53
04:10
04:06–04:47
11:50–12:44
12:36–14:19
08:53–10:35
13:59–15:41
05:29–07:11
02:06–03:47

दिन के होरा

12·1 घं 8 मि
05:29
06:37
07:45
08:53
10:01
11:09
12:17
13:25
14:33
15:41
16:49
17:58

रात के होरा

12·52 मि
19:06
19:57
20:49
21:41
22:33
23:25
00:17
01:09
02:01
02:53
03:44
04:36

लाहिरी अयनांश और दृक् गणित (वास्तविक स्थिति) पद्धति से गणना।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

17 मई 2025 की तिथि क्या है?
17 मई 2025 को कृष्ण पंचमी तिथि 18 मई 05:58 तक है, फिर कृष्ण षष्ठी आरंभ होती है।
17 मई 2025 का नक्षत्र क्या है?
17 मई 2025 को नक्षत्र पूर्व आषाढ़ा और योग साध्य है।
17 मई 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
नई दिल्ली में सूर्योदय 05:29 पर और सूर्यास्त 19:06 पर है।
17 मई 2025 को राहु काल कब है?
नई दिल्ली में राहु काल 08:53 से 10:35 तक है। इस समय नए महत्त्वपूर्ण कार्य आरंभ नहीं किए जाते।